बढ़ा दो तेल के दाम
बढ़ा दो गैस के दाम
क़त्ल कर दो सारे आम
की कोई नहीं चल पाए
न खा पाए , न पी पाए
न ही ये सपने में सोच पाए
हालातो से टकराना
लेकिन जो अब तक न हुआ वो अब होगा
अब होगा चौराहों पर , सडको पर , घर पर
पार्टी नहीं बंद करेगी ,
जनता निकल रही है एक आन्दोलन को
जो घर पे टी वी के सामने नहीं ,
कोम्पुटर पे नहीं , दोस्तों में नहीं,
बल्कि सीधे सरकारों को खड़ा करेगी
चौराहों पे......
खड़ा करेगी.......
ये जनता ..
अपने देश के लिए कुछ भी करेगी
ये जनता ......
जानती है और बताएगी
कितनी औकात है
जनता में ........
अब देखना है की
(जनता )इन मुर्दों में जिन्दा कितने है